दिन: अगस्त 3, 2009

कानपुर मे फ़ैला हुआ है इस समय वाइरल बुखार : Viral infection Pyerexia in Kanpur


इस समय कानपुर में वाइरल इन्फेक्सन बुखार बहुत जोरों से फैला हुआ है । इस बुखार की पहचान बहुत आसान है । जी मिचलाना , उल्टी जैसा सेन्सेसन होना, बदन दर्द, जाड़ा लगना और फिर धीरे से या अचानाक तेज़ बुखार आ जाना , जो १०५ या अधिक तक चला जाता है । बच्चे इस बुखार से सबसे ज्यादा पीड़ित हो रहे हैं । बच्चे तेज़ बुखार को सहन नहीं कर पाते है । छोटे बच्चे तो बुखार झेल जाते हैं, लेकिन बड़े और किशोरे बच्चे तकलीफ महसूस कर रहे हैं ।
यही सब लक्षण लेकर मरीज आ रहे है । मै सबको समन्वित चिकित्सा दे रहा हु और सभी ठीक हुये हैं ।

मेरा चिकित्सा विधान:
१- Homoeopathic Antibiotic Mother Tincture Mixture दिन मे कई बार १० बूंद से लेकर २५ बूंद तक

२- आयुर्वेद कि दवा महाजवरान्कुश रस की दो गोली गुडूच्यादि काढा के साथ दिन में तीन तीन घन्टा के अन्तर से सेवन कराना

३- ज्यादा बुखार को कम करने में सहायता के लिये Paracetamol 100 mg, 250 mg , 500 mg
का आवास्यक्तानुसार उपयोग

अमूमन तीन चार दिन में इसी चिकित्सा वयवस्था से सभी मरीज ठीक होते है । मुझे ताज्जुब हुआ , जब कई लोगों ने बताया कि वे १५ -२० दिन से Allopathy की दवयें खा रहे है और उनकी तकलीफ जस की तस बनी हुयी

Advertisements