पेट के कीड़े यानी Intestinal Worms ; आयुर्वेदिक उपचार Ayurvedic Treatment


मनुष्य की आन्तों के अन्दर प्राय: Ascarides, Pin worms, Thread worms अधिकतर पाये जाते है / आन्तों के अन्दर ये worms एक पतली झिल्ली का आवरण बनाकर उसके अन्दर पनपते रहते है और अपनी वन्श बृद्धि करते रहते है /

जब एक सीमा से अधिक इनका आकार बढ जाता है, तब इस झिल्ली में cracks होकर ये पूर्ण वयस्क कीडे मल / पाखाना / stool के साथ निकलने लगते है / इससे पहले इनके बारे में किसी को कुछ ग्यात नहीं होता कि उनकी आन्तों में कीडे भी पल रहे है /

हां, कुछ लक्षण जरूर पैदा हो जाते है जिनमें प्रमुख है [१] सोते रहते के समय में मुंह से लार गिरना या बहना [२] मीठी चीज खाने की इच्छा [३] सोते समय दान्तों का किटकिटाना [४] चेहरे पर लालीपन लिये हुये सफेद रन्ग के धब्बे हो जाना आदि Observational symptoms होते है, जिनसे यह रोग निदान करने में मदद मिलती है /

आयुर्वेद मे इसे “कृमि रोग” मानते है / कृमि रोग के उपचार के लिये ऐसे बहुत से योग शास्त्रों में बताये गये है जिनकी सन्ख्या हजारों मे होगी जिनमे एकल औषधि से लेकर रस औषधि और कीमती धातुओं तक के योग दिये गये है / यह सभी इस रोग के उपचार के लिये प्रभाव कारी हैं /

नीचे एक चूर्ण का योग दिया जा रहा है , जो सभी प्रकार के कृमि रोगों को दूर करने के लिये प्रभाव कारी है /

विडन्गादि चूर्ण Vidangaadi Churna

योग; वाय विडन्ग, सेन्धा नमक, सुध्ध हीन्ग, कालानमक, कबीला, बड़ी हरड, छोटी पीपल, निशोथ की जड़ की छाल ; इतने द्रव्य बराबर बराबर लेना है /
Combination; Vay vidang, sendha namak, shudhdh Hing, Kala namak, kabilaa,badi harad, chchoti pipal, nishoth ki jad ki chchaal in equal quantity

इन सभी द्रव्यों का महीन चूर्ण बना लें / इस चूर्ण की मात्रा १ ग्राम से लेकर तीन ग्राम तक है / इसे गरम / गुनगुने जल या दही की पतली लस्सी या मठ्ठा के साथ दिन मे दो या तीन बार लेना चाहिये /Make a fine powder of these all ingredients and the dose is 1 gramm to 3 gramm to be taken with lukwarm water or with butter milk combination one , two or three times a day

उपयोग; इस चूर्ण के सेवन करने से आन्तों में पैदा होने वाले सभी प्रकार के कीड़े , आन्त्र कृमि Intestinal worms of all kinds , Ascarides, Pin worms, Thread worms and other intestinal worms जडमूल से समाप्त हो जाते है / This combination cures all kinds of Intestinal Worms.

आयुर्वेदिक उपचार करने के बाद आन्तों के कीड़े हमेशा के लिये समाप्त हो जाते है और दुबारा इसी तरह की similar problem शायद ही किसी को होती है /

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2 टिप्पणियाँ

  1. Purana rog hai pet me kido ka

    ——- REPLY ——-

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    2- Leucoderma——-Anil —————–
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    8-[a] Epilepsy—-Guptaji————
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    13- H.I.V.—————BHAI—————
    14- Body GLANDS—Mohan ———-
    15- Spinal Cord—–Hoshiyar Singh —
    16- Incurable Disease–Ritesh ——–
    17- Incurable disease-Sandeep ——-
    18- Cancer————–Manish ———
    19- A.V.N. Avascular Necrosis-Danish -
    20- A.V.N. Avascular Necrosis -> MORAL -> 09259151195
    (ऊपर दिये गये मरीजो के नाम और बीमारियों का इलाज हमारे द्वारा किया गया और यह सभी मरीज पूरी तरह से ठीक हो चुके है / इनके मोबाइल नम्बर लिस्ट से हटा दिये गये है, क्योन्कि लोगो और पब्लिक द्वारा इन मरीजो को परेशान किया जा रहा था और यह सभी मरीज लोगो द्वारा आये दिन किये जा रहे दुर्व्यवहार की शिकायते हमसे करते रहते थे / इसलिये हमने निर्णय लिया है कि सभी मरीजो के नम्बर हटा दिये जाय / हमने निर्णय किया है कि जो लोग हमारे यहा इलाज के बारे मे उपरोक्त मरीजो से सीधे बात करना चाहते है और ज्यादा जानकारी करना चाहते है , ऐसे लोग इन मरीजो के मोबाइल फोन नम्बर हमसे डायरेक्ट बात करके प्राप्त कर सकते है )
    मोबाइल द्वारा रोगियो से सम्पर्क करने वाले लोगो से अनुरोध है कि वे ऊपर बताये गये मरीजो के नम्बर पर सम्पर्क करके रोगियो को अनावश्यक बाते पूछ्कर परेशान मत करें / बहुत से लोग बताये गये नम्बरो पर फोन करके दवाओ के बारे मे जानकारी करने का प्रयास करते है / ऐसे लोगो को सावधान किया जाता है कि हर मरीज का ई०टी०जी० आयुर्वेदास्कैन परीक्षण से प्राप्त रिपोर्ट को आधार करके उसके व्यक्तिगत और चरित्रगत बातो को ध्यान करके दवाये लिखी जाती है / एक जैसे रोगो की दवाये रोगी के मिजाज और उसकी ई०टी०जी० आयुर्वेदास्कैन परीक्षण से प्राप्त डाटा से बदल जाती है / एक मरीज की दवा दूसरे मरीज को कभी सूट नही करती है उल्टे तकलीफ बहुत भयानक तरीके से बढ जाती है / इसलिये ऐसी गलती मत करें /
    Please note that we have NO BRANCH anywhere in the country and outside of the country / देश अथवा विदेशों मे हमारी कोई भी ब्रान्च किसी भी शहर मे नही है / सभी परीक्षण मशीनो द्वारा किये जाते है और कनक पालीथेरापी क्लीनिक एवम रिसर्च सेन्टर, AN I.S.O. CERTIFIED AYURVEDA RESEARCH INSTITUTION, ६७ / ७०, भूसाटोली रोड, बर्तन बाज़ार,कानपुर शहर, उत्तर प्रदेश, भारत के अलावा दूसरी किसी भी जगह पर ऐसी सुविधा उपलब्ध्ध नही है /
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